उत्तर प्रदेश

गोमती नगर विस्तार में निर्मित अपार्टमेन्टों के आरडब्ल्यूए को हस्तांतरित होने वाले कार्पस फण्ड पर लगी मुहर

रिपोर्ट – रामकुमार यादव

ब्रेकिंग न्यूज़ यूपी – लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अक्षय त्रिपाठी द्वारा शासन स्तर पर हुई बैठक में दिये गये निर्देशों के क्रम में प्रथम चरण में गोमती नगर विस्तार रिवर व्यू के फेज़-1 और फेज़-2 में निर्मित अपार्टमेन्ट तथा ग्रीनवुड अपार्टमेन्ट के आर0डब्ल्यू0ए0 को क्रॉस फण्ड तथा अनुरक्षण शुल्क दिये जाने के निर्देश दिये गये।

इस विषय में विस्तृत जानकारी देते हुए प्राधिकरण के वित्त नियंत्रक राजीव कुमार द्वारा बताया गया कि कार्पस फण्ड एवं अनुरक्षण शुल्क वापस किये जाने के लिए उपाध्यक्ष महोदय द्वारा सचिव, वित्त नियंत्रक, मुख्य अभियंता, अधिशासी अभियंता, सम्पत्ति अधिकारी तथा प्रभारी अधिकारी की समिति गठित की गई थी।

समिति द्वारा की गई संस्तुति के आधार पर उपाध्यक्ष द्वारा आज कारपस फण्ड एवं अनुरक्षण शुल्क की अवशेष धनराशि में से 10 प्रतिशत धनराशि रोककर शेष धनराशि दिये जाने के आदेश पारित किए गए। 10 प्रतिशत रोकी गई धनराशि अन्य व्ययों में व्यय की गई धनराशि मिलान किए जाने के पश्चात् वापस की जाएगी।

वित्त नियंत्रक ने यह भी बताया कि आर0डब्ल्यू0ए0 को हस्तांतरित किये जाने वाली धनराशि एफ0डी0आर0 के रूप में होगी, जो कि प्राधिकरण द्वारा आर0डब्ल्यू0ए0 के साथ संयुक्त हस्ताक्षर से जारी होगी। गौरतलब है कि पिछले दिनों लखनऊ जनकल्याण महासमिति ने मामले की शिकायत की थी।

महासमिति के अध्यक्ष उमाशंकर दुबे ने बताया कि कार्पस और मेंटिनेंस के संबंध में प्रदेश के कानून मंत्री बृजेश पाठक से महासमिति की टीम ने वेबिनार में शिकायत की थी तदोपरांत क़ानून मंत्री के हस्तक्षेप के बाद प्रमुख सचिव दीपक कुमार में लखनऊ जनकल्याण महासमिति के अध्यक्ष उमाशंकर दुबे, महासमिति रामकुमार यादव और उपाध्यक्ष विवेक शर्मा के साथ एलडीए के वित्त नियन्त्रक राजीव कुमार और मुख्य अभियंता इंदुशेखर सिंह के साथ हुई बैठक में जुलाई अन्य तक कार्पस आरडब्ल्यूए को देने के निर्देश दिए थे।

उमाशंकर दुबे ने एलडीए उपाध्यक्ष अक्षय त्रिपाठी का आभार व्यक्त करते हुवे कहा कि आरडब्ल्यूए के लोग पिछले 5 साल से अधिक समय से अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे थे आज कार्पस को लेकर वीसी ने जनहित में जो निर्णय लिया है उसका महासमिति स्वागत करती है।

उमाशंकर दुबे ने कहा जिस प्रकार कार्पस और मेंटिनेंस शुल्क आरडब्ल्यूए को दिया जा रहा है उसी प्रकार अन्य मामलों जैसे फायर, वाटर हार्वेस्टिंग आदि मुद्दों पर भी महासमिति एलडीए वीसी से मुलाकात कर कार्यवाही की मांग करेगी जिससे लंबे समय से चल रही आरडब्ल्यूए की समस्याओं का समाधान हो सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

one × 1 =

Back to top button